क्या आपने सोचा है कि एक छोटा सा "धन्यवाद" आपका दिन बदल सकता है? कृतज्ञता यानी आभार महसूस करना और उसे जताना सिर्फ अच्छा लगने वाला एहसास नहीं है—यह आपकी मानसिक सेहत, संबंध और फोकस दोनों बेहतर कर सकता है। इस पेज पर आप पायेंगे आसान तरीके, रोज़ाना अभ्यास और छोटे-छोटे बदलाव जो कृतज्ञता को आपकी आदत बना दें।
सबसे पहले, कृतज्ञता का असर रोज़मर्रा ज़िंदगी पर सीधा होता है। कई शोध बताते हैं कि नियमित आभार लिखने से तनाव कम होता है, नींद बेहतर होती है और सकारात्मक मूड बढ़ता है। यह रिश्तों में भी मदद करता है—जब आप किसी की मदद के लिए धन्यवाद कहते हैं या appreciation दिखाते हैं तो संबंध मजबूत होते हैं। काम के माहौल में भी आभार से टीम का भरोसा और मोटिवेशन बढ़ता है।
यह असर तुरंत भी दिख सकता है और धीरे-धीरे गहरा भी। यानी एक हफ्ते में आप थोड़ी राहत महसूस कर सकते हैं और महीनों में आपका नजरिया बदल सकता है—झुककर छोटी-छोटी खुशियों को पहचानना आसान हो जाता है।
अब सीधे व्यवहारिक उपाय। इन्हें तुरंत आजमाइए और अपने हिसाब से बदल कर अपनी आदत बना लीजिए:
1) हर सुबह या रात 3 चीजें लिखें: दिन का सबसे छोटा काम—3 ऐसी बातें जो आप के लिए अच्छी रहीं। कोई प्यारी बात मिली, अच्छा खाना, वक्त पर बस पहुँचना। रोज़ लिखने से दिमाग सकारात्मक चीजों पर टिकता है।
2) धन्यवाद पत्र लिखें: किसी को एक छोटी नोट या मैसेज करें और बताइए कि आप उनके लिए कृतज्ञ हैं। कभी-कभी कॉल पर सिर्फ 2 मिनट में भी बड़ा फर्क पड़ता है।
3) 'थ्री गुड थिंग्स' रिव्यू: रात को सोने से पहले दिन की तीन अच्छी बातें याद करें। यह नींद में सुधार लाने का सरल तरीका है।
4) कृतज्ञता जार: एक जार रखें और हर दिन छोटी कागज़ पर कोई अच्छी बात लिख कर डालें। महीने के अंत में खोल कर पढ़ें—आपको ये मैसेज चौंका देंगे।
5) रूटीन से जोड़ें: ब्रश करने, चाय बनाने या ऑफिस आउट होने पर ये अभ्यास जोड़ दें। नई आदत बनाने का सबसे आसान तरीका किसी पुरानी आदत के साथ जोड़ना है।
छोटा टिप: अगर आप भूल रहे हैं तो फोन पर रिमाइंडर सेट कर लें या कैलेंडर में 30-दिन का चैलेंज बना लें। साथ में दोस्तों या परिवार को भी शामिल कर लें—समूह में करने से टिकने की संभावना बढ़ जाती है।
कृतज्ञता की शुरुआत सरल है, पर असर गहरा होता है। रोज़ाना थोड़ा-सा ध्यान और थोड़ी-सी लगन से आप अपने मूड, रिश्तों और काम की ऊर्जा में बड़ा बदलाव देखेंगे। आज ही एक छोटा कदम उठाइए—आज शाम तीन अच्छी चीजें लिखकर देखें।
हर साल 15 जनवरी को भारतीय सेना दिवस मनाया जाता है, जो भारतीय सेना के उन बहादुर योद्धाओं को सम्मानित करता है जिन्होंने देश की रक्षा के लिए अपनी जान निछावर कर दी। यह दिन फील्ड मार्शल के.एम. करिअप्पा के भारतीय सेना के पहले भारतीय कमांडर-इन-चीफ बनने की याद में मनाया जाता है। इस मौके पर देशभर में विभिन्न समारोह होते हैं, खासकर दिल्ली के करिअप्पा परेड मैदान में।
जनवरी 15 2025